शुक्रवार, 2 मार्च 2018

तुम मेरे रंग

🌾🌾🌱🌴☘🍀🌿
रंगों में
पहले से भी
पहले का
सबसे आखिरी के
बाद फैला
जीवन के ज से
प्रेम के म तक
पृथ्वी के
नील
और
शुक्र जैसे
अमिट
पिघले
सब क्षण
वो
जो
तुमने
और
मैंने
जिया
साथ
सूक्ष्म भी
समग्र भी
वे रंग
इंद्रधनुष से अपार
तुम पर
न्यौछावर
🍁🍂🌿🌱
©सुनील सोनी 

दिवाली की शुभकामनाएं

कविता : सुनील  स्वर : अर्चना वीडियो संपादन : गार्गी